कम्‍प्‍यूटर शाखा 

कम्‍प्‍यूटर शाखा के प्रभारी अधिकारी संयुक्‍त निदेशक (सिस्‍टम एनालिस्‍ट) श्री आर.वरदराजन हैं. शाखा में एक उप निदेशक (ए.सी.पी.), एक प्रोग्रामर, एक सहायक प्रोग्रामर एवं 6 सूचना सहायक तथा तीन कनिष्‍ठ लिपिक पदस्‍थापित हैं. शाखा द्वारा निम्‍नांकित कार्य सम्‍पादित किये जाते हैं-

  1. मण्‍डल के न्‍यायिक कार्यों का कम्‍प्‍यूटराइजेशनः

मण्‍डल में न्‍यायिक कार्य जिसमें प्रकरण के प्रस्‍तुतीकरण से लेकर निस्‍तारण तक कार्यवाही का संचालन मण्‍डल स्‍तर पर बनाये गये कोर्ट एम.आई.एस. सॉफ्टवेयर पर कराया जाता है. सॉफ्टवेयर में समय-समय पर मण्‍डल की आवश्‍यकतानुसार बदलाव किये जाते हैं. प्रतिदिन लगभग 75 से 100 नये वादों का इन्‍द्राज निबंधक कोर्ट में किया जाता है तथा प्रतिदिन विभिन्‍न न्‍यायालयों में लगने वाले 1000 प्रकरणों की आगामी तिथि की फीडिंग का कार्य भी किया जाता है.वर्तमान में मण्‍डल में वादों के शीघ्र निस्‍तारण हेतु दो डीबी, 5एसबी,एवं 1 एसबी रेफरेन्‍स बेन्‍च का प्रतिदिन गठन किया जाता हैा
न्‍यायालय कम्‍प्‍यूटराईजेशन के तहत निम्‍नलिखित महत्‍वपूर्ण कार्य किये जाते हैं- 
(अ) बार कोड प्रणालीः
शाखा द्वारा बार कोड प्रणाली के क्रियान्‍वयन संबंधी कार्यवाही की गई. मण्‍डल में लगभग 60000 लंबित प्रकरण है. प्रतिदिन लगभग 1000 प्रकरणों को विभिन्‍न बैंचों में लगाया जाता है, इस हेतु प्रतिदिन केस फाइले वर्षवार बने केन्‍द्रीय कक्षों से कॉजलिस्‍ट शाखा के माध्‍यम से बैंच तक जाते हैं एवं इसी प्रकार वापस केन्‍द्रीय कक्षों में लाये जाते हैं. इस पूरे संचालन में कई बार केस फाइल समय पर बैंच तक नहीं पहुंचती है अथवा गलत स्‍थान पर पहुंच जाती है. इस समस्‍या के समाधान हेतु मण्‍डल द्वारा प्रत्‍येक वाद को उसके वर्ष के अनुसार रंगीन कवर पेज जिसमें केस का सम्‍पूर्ण विवरण एवं बार कोड लगाये गये हैं, जिससे केस सही केन्‍द्रीय कक्षों में संधारित किये जा सके. बार कोड की प्रणाली से संबंधित केन्‍द्रीय कक्ष द्वारा वाद फाइल को कॉजलिस्‍ट शाखा में भेजने से पूर्व उसका बार कोड स्‍केनर के माध्‍यम से कोर्ट एम.आई.एस. सॉफ्टवेयर में स्‍केन (दर्ज) कर कॉजलिस्‍ट शाखा में भेजा जाता है जिनके द्वारा सभी केन्‍द्रीय कक्षों से प्राप्‍त फाइलों को पुनः बार कोड स्‍केनर से कोर्ट एम.आई.एस. सॉफ्टवेयर में कर बैंच तक भेजा जाता है एवं इसी प्रकार बैंचों से फाईलों को स्‍केन कर केन्‍द्रीय कक्षों तक भेजा जाता है. इस प्रक्रिया से यदि केन्‍द्रीयकक्षों से कोई फाइल यदि नहीं भेजी गई है तो उसकी सूचना तुरन्‍त प्राप्‍त हो जाती है तथा बैंच द्वारा केस फाईल के रिजर्व करने की सूचना भी प्राप्‍त हो जाती है. 
(ब) आर.आर.डी. का कम्‍प्‍यटरीकरणः-
1955 से जनवरी 2014 तक सारे आर.आर.डी. केसेज कम्‍प्‍यूटर में फीड किए जा चुके हैं. यह सारे केसेज सी.डी. पर उपलब्‍ध हैं एवं साथ ही इसको कोर्ट सॉफ्टवेयर के साथ जोड़कर समस्‍त माननीय सदस्‍यगणों को उनके सुविधार्थ उपलब्‍ध करवाया गया है.


(द) वर्थ रिर्पोटिंग निर्णय
            इसके अन्‍तर्गत मा.सदस्‍यों द्वारा दिये गये ऐसे निर्णय जिनका अधीनस्‍थ न्‍यायालयों एवं अभिभाषकों द्वारा उनके संबंधित वाद के निर्णय में रेफरेंस के रूप में लिया जा सके, ऐसे वर्थ रिर्पोटिंग निर्णयों को मण्‍डल की वेबसाईट पर उपलब्‍ध करवाने का कार्य माह अगस्‍त 2011 से किया जा रहा है.

  1. राजस्‍थान लोकसेवा के प्रदान की गारंटी अधिनियम 2011-

 

                                    मा.मुख्‍यमंत्री महोदय द्वारा शुरू की गई राजस्‍थान लोकसेवा के प्रदान की गारंटी अधिनियम 2011 के तहत आर.जी.डी.पी.एस.वेबसाईट हेतु शाखा द्वारा समस्‍त राजस्‍थान के जिला कलक्‍टर, अति.कलक्‍टर, उपखंड अधिकारी, तहसीलदार स्‍तर के अधिकारियों की सर्विस मेपिंग, यूजर आई.डी., पासवर्ड, यूजर पोस्ट रिलेशनशिप इत्‍यादि का कार्य कर राजस्‍व अधिकारियों को उनके यूजर आई.डी., पासवर्ड ई-मेल एवं डाक के माध्‍यम से भिजवाकर सेवाओं के आवेदन, डिस्‍पोजल एवं पेंडिंग इत्‍यादि की टेस्‍टिंग शुरू करवायी गयी. 01 जून, 2012 से समस्‍त  जिलों में आर.जी.डी.पी.एस. वेबसाईट के माध्‍यम से ऑनलाईन फीडिंग का कार्य शुरू करवाया एवं प्रति सप्‍ताह सभी जिलों के कार्य की स्थिति की मॉन्‍टरिंग की जाती है.

 

  1. बोर्ड-वेबसाइटः-

मण्‍डल की इंटरनेट वेबसाइट (www.bor.rajasthan.gov.in) को सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग, जयपुर द्वारा जारी वेबसाईट गाइडलाईन्‍स के अनुसार अद्यतित किया जाता है. इसके अतिरिक्‍त निम्‍नलिखित जानकारी को भी मण्‍डल की वेबसाइट में शामिल किया गया हैः 
(1) अधीनस्‍थ राजस्‍व मासिक प्रगति सूचनाः
इसके अंतर्गत कलक्‍टर कार्यालय से संबंधित संस्‍थापन, भू-अभिलेख, राजस्‍व प्राप्ति, ऑडिट, राजस्‍व वादों से संबंधित सूचना का इन्‍द्राज जिला कलक्‍टर कार्यालय द्वारा प्रतिमाह ऑनलाईन फीड किया जाता है एवं संभागीय आयुक्‍त, अति.संभागीय आयुक्‍त, आर.ए.ए., एस.ओ.कम आर.ए.ए. के राजस्‍व वादों से संबंधित सूचना का इन्‍द्राज किया जाता है. इन सबका मण्‍डल स्‍तर से निरीक्षण शाखा द्वारा मॉनिटरिंग एवं सूचना का संकलन कर समय-समय पर राज्‍य सरकार को प्रेषित की जाती है. 
(2) नागरिक अधिकार पत्र से संबंधित जानकारीः 
इसके अन्‍तर्गत राजस्‍व, कलक्‍टर, उपखंड अधिकारी, तहसील स्‍तर से संबंधित नागरिक अधिकार पत्र से संबंधित जानकारी का वेबसाइट पर प्रकाशन किया गया है. 
(3) सूचना के अधिकार से संबंधित जानकारीः 
इसके अन्‍तर्गत मण्‍डल के कार्यप्रणाली का विषयवार विवरण दिया गया है. 
(4)आर.टी.एस. सिविल लिस्‍ट का संधारणः 
नायब तहसीलदार एवं तहसीलदार से संबंधित स्‍थानान्‍तरण आदेशों को वेबसाइट पर प्रकाशित किया गया है. इसके अतिरिक्‍त तहसीलदार/नायब तहसीलदार से संबंधित सिविल लिस्‍ट, जिसमें जिलेवार अथवा सम्‍पूर्ण राज्‍य में पदस्‍थापित तहसीलदार/नायब तहसीलदार की जानकारी पदस्‍थापन दिनांक एवं स्‍थानान्‍तरण दिनांक सहित मिल जाती है. 
    (5) मण्‍डल वेबसाईट पर फोटो दीर्घा
 इसके अंतर्गत मण्‍डल में समय-समय पर होने वाले कार्यक्रमों, मा.अध्‍यक्ष महोदया के समय-समय पर संभागीय आयुक्‍त व जिला कलक्‍टर कार्यालय के किये गये निरीक्षण, मण्‍डल के पूर्व मा.अध्‍यक्षगणों तथा अधिकारियों/कर्मचारियों के सेवानिवृति इत्‍यादि की फोटो का मण्‍डल की वेबसाईट पर प्रकाशन किया गया.

  1. विभागीय पटवार परीक्षाः इसके अंतर्गत आर.पी.एस.सी. द्वारा ली गई परीक्षा में उत्‍तीर्ण अभ्‍यर्थियों के पटवार मण्‍डलों में प्रशिक्षण पश्‍चात् ली गई वि‍भागीय परीक्षा दिसम्‍बर, 2010 से संबंधित परीक्षा परिणाम का कार्य माह जनवरी, 2011 में किया गया, जिसमें उनके परिणाम एवं पद स्‍थापन संबंधी कार्यवाही कम्‍प्‍यूटर सॉफ्टवेयर की मदद से पूर्ण किया गया एवं मण्‍डल की वेबसाइट पर इसके परिणाम, जिलों का आवंटन इत्‍यादि की जानकारी उपलब्‍ध करवाई गई.

 

  1. नई भर्ती पटवार परीक्षा, 2013-

माह जून 2013 में पटवार भर्ती परीक्षा 2013 हेतु आनलाइन आवेदन-पत्र एवं इससे संबंधित जानकारी जिला कलक्‍टर्स एवं आवेदकों हेतु मण्‍डल की वेबसाइट पर उपलब्‍ध करवाई गई एवं आवेदकों की सुविधा हेतु परीक्षा संबंधी जानकारी को राजस्‍थान के समस्‍त जिलों की वेबसाइट पर प्रकाशन करने हेतु भी प्रयास किये गये, जिसे ई-मेल एवं वेबसाइट मॉनिटरिंग के माध्‍यम से सभी जिलों की वेबसाइट पर प्रकाशित करवाया जाना सुनिश्चित किया गया.

  1. बोर्ड इंट्रानेट वेब पोर्टलः-

मण्‍डल की शाखाओं से संबंधित जानकारी सभी अधिकारियों/शाखाओं को उपलब्‍ध/अद्यतन करने हेतु इंट्रानेट वेब पोर्टल बनाया गया है. इसके माध्‍यम से आर.टी.एस. विभागीय जांच, ए.सी.आर. न्‍यायिक वाद से संबंधित सूचना (आगामी सुनवाई तिथि, कॉज लिस्‍ट एवं मा. सदस्‍यों द्वारा दिनांकवार रिजर्व एवं निर्णित वादों की सूचना), पत्र प्राप्ति इत्‍यादि कार्य की सूचना देखी जा सकती है, साथ ही लाईब्रेरी में पुस्‍तकों की सूचना इत्‍यादि भी इस पोर्टल के माध्‍यम से उपलब्‍ध है, जिन्‍हें समय-समय पर आदिनांक किया जाता है.

  1. टच स्‍क्रीन की सुविधाः-

शाखा द्वारा टच स्‍क्रीन हेतु एक सॉफ्टवेयर का निर्माण कर बैंकों में स्‍थापित ए.टी.एम. मशीन की भांति मण्‍डल परिसर में टच स्‍क्रीन मशीन की स्‍थापना की गई है, जिसमें से एक राजस्‍व वादों की जानकारी हेतु तथा दूसरी अपना खाता जमाबंदी की जानकारी हेतु लगाई गयी है. इसके माध्‍यम से प्रार्थी/अप्रार्थी, अधिवक्‍ताओं एवं इनके अधीनस्‍थ कर्मचारियों द्वारा अपनी अंगुलियों के स्‍पर्श से वाद संख्‍या एवं वर्ष कम्‍प्‍यूटर में फीड कर अपने वाद की सम्‍पूर्ण जानकारी प्राप्‍त की जा सकती है. यह प्रणाली इतनी सरल एवं सुविधाजनक है कि इसे कोई भी व्‍यक्ति, जिसे कम्‍प्‍यूटर का बिल्‍कुल भी ज्ञान न हो, प्रयोग में ला सकता है. अपने वाद स्‍वयं प्राप्‍त कर सकता है एवं इस हेतु मण्‍डल के किसी भी कर्मचारी के पास जाने की आवश्‍यकता नहीं है.

  1. अपना खाता टच स्‍क्रीन की स्‍थापनाः

इस महत्‍वपूर्ण एवं उपयोगी कियोस्‍क द्वारा मण्‍डल में आने वाले काश्‍तकार एवं आम नागरिक सम्‍पूर्ण राज्‍य की जमाबंदियों की जानकारी प्राप्‍त कर सकते है. इस कियोस्‍क से जिला, तहसील, भू-अभिलेख निरीक्षक, वृत तथा पटवार सर्किल की सूचनाएं प्राप्‍त कर सकते हैं, इसके अतिरिक्‍त राज्‍य की अन्‍य योजनाओं जैसे व्‍यक्तिगत लाभ, मुख्‍यमंत्री सहायता कोष, मुख्‍यमंत्री जीवन रक्षा कोष, जननी सुरक्षा योजना, वृद्वावस्‍था एवं विधवा पेंशन की पात्रता, नियम, प्रक्रिया से अवगत हुआ जा सकता है. इस कियोस्‍क की मण्‍डल में स्‍थापना से संबंधित तकनीकी कार्यो को शाखा द्वारा किया गया. यह कियोस्‍क राज्‍य की राजधानी के सर्वर से जुडा है.

  1. वीडियो कॉन्‍फ्रेन्सिंग का आयोजनः

निबन्‍धक द्वारा समय-समय पर जिलों में कार्यरत उपखंड अधिकारी एवं प्रभारी अधिकारी (भूअ) तहसीलदार, सदर कानूनगो तथा जिला सूचना विज्ञान अधिकारी को निम्‍न बिन्‍दुओं पर आवश्‍यक दिशा-निर्देश दिये गयेः-
1. भू-अभिलेख की वर्तमान स्थिति तथा जिले में लम्बित नामान्‍तकरण.
2. राजस्‍व मण्‍डल द्वारा भेजे गये नोटिस तामिल की स्थिति‍.
3. राजस्‍व मण्‍डल द्वारा चाहे गये अधीनस्‍थ न्‍यायालयों से संबंधित वाद रिकार्ड पर की गई कार्यवाही.
4.राष्‍ट्रीय भू-अभिलेख आधुनिकीकरण कार्यक्रम (एन.एल.आर.एम.पी.) संबंधी दिशा-निर्देश.
5. पटवारी परीक्षा के आयोजन संबंधी निर्देश आदि.

  1. अन्‍य कार्यः 
    (1) भू-‍अभिलेख कार्यः इसके अन्‍तर्गत शाखा द्वारा एल.आर.सी.योजना की मासिक प्रगति रिपोर्ट तैयार की जाती है. एल.आर.सी.परियोजना के अन्‍तर्गत खरीदे गये कम्‍प्‍यूटर हार्डवेयर इत्‍यादि की स्‍टॉक एंट्री एवं अन्‍य तकनीकी कार्य भी शाखा द्वारा किये जाते हैं. इसके अतिरिक्‍त भारत सरकार द्वारा शुरू की गई नवीन परियोजना एन.एल.आर.एम.पी. का कार्य भी कम्‍प्‍यूटर शाखा की मदद से किया जा रहा है. 
    (2) सांख्यिकी कार्यः इसके अन्‍तर्गत फसल आंकलन, रेनफॉल इत्‍यादि कार्यों हेतु सॉफ्टवेयर का निर्माण एवं तकनीकी मदद शाखा द्वारा समय-समय पर की जाती है. इसके अतिरिक्‍त लाईव-स्‍टॉक से संबंधित कार्य में तकनीकी मदद शाखा द्वारा की जाती है. 
    (3) ई-मेल कार्यः मण्‍डल की समस्‍त शाखाओं से राजस्‍थान के जिला कलक्‍टर एवं अन्‍य उच्‍च अधिकारियों को भेजी जाने वाले पत्र शाखा द्वारा ई-मेल के माध्‍यम से भेजे जाते हैं तथा उच्‍च अधिकारियों एवं जिला कलक्‍टर्स से प्राप्‍त शाखाओं से संबंधित ई-मेल प्रिन्‍ट कर उनको भिजवाये जाते हैं. 
    (4) कार्मिको का प्रशिक्षणः शाखाओं के अनुसार तैयार किये गये सॉफ्टवेयर हेतु संबंधित शाखा के कार्मिकों को समय-समय पर कम्‍प्‍यूटर प्रशिक्षण दिया जाता है. 
    (5) कम्‍प्‍यूटर हार्डवेयर देखरेखः मण्‍डल के अधिकारियों एवं शाखाओं में स्‍थापित कम्‍प्‍यूटर के हार्डवेयर अथवा सॉफ्टवेयर से संबंधित समस्‍याओं के निराकरण हेतु शाखा द्वारा मॉनीटरिंग की जाती है. 
    (6) सर्वर बेकअप कार्यः प्रतिदिन लेन के माध्‍यम से जुडी हुई विभिन्‍न शाखाओं एवं कोर्ट कार्य का बेकअप कम्‍प्‍यूटर सर्वर से लिया जाता है, जिससे सर्वर में किसी भी प्रकार की खराबी आने पर मण्‍डल का कम्‍प्‍यूटर डेटा सुरक्षित रहे. 

Date of Last Update : 21.02.2014

Responsible Officer : System Analyst (Joint Director)